आतंकी गढ़ बनल जा रहल अछि मिथिला

आईबी आओर खुफिया एजेंसी केमुताबिक उत्तरी बिहार के मिथिलांचल इलाका आतंकी अड्डा बनल जा रहल अछि. ई बात बिहारआओर मिथिलाक लेल एकटा बड़का सिरदर्द अछि.
देश मे भेल कइटा आतंकीवारदात मे मिथिलाक लिंक पाएल गेल अछि. पिछला पांच-छह साल मे कइटा आतंकवादी मिथिलासं पकड़ल गेल अछि. दोसर ठाम पकड़ल गेल कइटा आतंकी के लिंक सेहो मिथिला सं जुड़लमिलल अछि.
नेपाल…बांग्लादेश सेजुड़ल बॉर्डर इलाका

आतंकी सभ के लेल सुरक्षित पनाहगारबनल जा रहल अछि.
देश भर मे कतहुं आतंकीवारदात करि बिहार आबि…बिहार सं नेपाल आओर बांग्लादेश भ बाहर निकलय लेल नीक रहैतअछि. एहि लेल इंडियन मुजाहिद्दीन आओर दोसर आतंकी संगठन मिथिला मे अपन पकड़ मजबूतबना रहल अछि.
आतंक संगठन एकरा लेल खाससमुदाय के युवक के ब्रेनबाश करि…बहला-फुसला कs… गलत तरीका सं भड़का कs अपना संग जोड़ैत अछि. धर्म केनाम पर…जेहाद के नाम पर गलत काज कराबैत अछि.
खुफिया एजेंसी के अनुसारदेश भर मे पकड़ल गेल कइटा आतंकी के जे फर्जी पासपोर्ट पकड़ल गेल अछि ओकर पता बिहारके मिलल अछि. ई पता ओहिना तं नहि देल गेल अछि. इलाका के लोक से मिल क देल गेल अछि.आओर इलाका के लोक के मार्फत सं मिलि क बनाएल गेल अछि.
आतंकी सभ अखन पूरा उत्तरबिहार…मिथिलाक इलाका पर अपन तंत्र मजबूत करय पर लागल अछि. एहि मे चंपारण…मुजफ्फरपुर… दरभंगा… मधुबनी… सीतामढ़ी… पूर्णिया… अररिया… सहरसा आओरदोसर बॉर्डर इलाका मे लोक सभ के जोड़ि रहल अछि.
ई इलाका ओहिना पहिने संस्मगलिंग के लेल बदनाम रहल अछि. आम सामान ने तस्करी मे ओना त कमी आएल अछि. मुदा आबहवाला आओर दोसर तरहक तस्करी बढ़ल अछि.
कहल जा रहल अछि जे आईएसआईअपन नेटवर्क काफी मजबूत करि लेने अछि. नेपाल..बांग्लादेश के खुलल बॉर्डर आओरभारतीय सुरक्षा मे कमी के फायदा उठा रहल अछि.
एकटा बात काफी चौंकाबय वालाअछि जे आतंकी सभ अपना संग सिर्फ कम पढ़ल लिखल लोक के नहि जोड़ि रहल अछि बल्कि पढ़ललिखल लोक के सेहो जोड़ि रहल अछि.
एहि मे डॉक्टर… इंजीनियरआओर बाहर जाsक पढ़य वाला लड़का सभ सेहो शामिल अछि. एहन युवक सभ केमन मे कट्टरता भरल जा रहल अछि. ई देश के लेल बड़ खतरनाक गप अछि.
बिहार पुलिसप्रमुख के होम मिनिस्ट्री के तरफ सं एहि बारे मे जानकारी सेहो भेजल गेल. होममिनिस्ट्री क भेजल रिपोर्ट मे आईबी के साफ कहनाय अछि जे नेपाल सं लागल इलाका मेआतंकी संगठन युवक सभ मे अपन पैठ बना रहल अछि आओर ट्रेनिंग द रहल अछि.
आतंकी सभनव-नव इलाका के तलाश करि रहल अछि. ओहि हिसाब सं मिथिलाक ई इलाका सभ सं नीक मानल जारहल अछि आतंकी गतिविधि के शांति सं चलाबय लेल.
मिथिलाकबॉर्डर इलाका मे बताएल जा रहल अछि जे पिछला 15-20 साल मे मस्जिद-मदरसा के संख्या10 गुना सं बेसि बढ़ि गेल अछि. आईएम… आओर आईएसआई एकर मार्फत युवक सभ के जेहादलेल भड़का रहल अछि.
कहल तं इहोज रहल अछि जे नेपाल आओर अरब कंट्री के जरिए आईएसआई एहि इलाका मे काफी पैसा भेज रहलअछि. एहि इलाका मे बनि रहल बड़का-बड़का मस्जिद मदरसा के लेल अरब से पाई आबि रहलअछि.
एकटा गपसेहो चिंताक विषय अछि जे मिथिलाक…बिहारक बॉर्डर इलाका के पढ़ल- लिखल लोक सभ आओरआम लोक जे कमाए-खाए लेल बिहार सं बाहर जा रहल छथिन्ह हुनकर जमीन खास समुदाय के लोकभारी संख्या मे खरीद रहल अछि.
विदेश संआएल पाई के निवेश जमीन…खेत-खलिहान…गाछी मे भ रहल अछि. इलाका के ब्राह्मण…कायस्थ… भूमिहार… दोसर जातिक लोक सभ नौकरी के सिलसिला मे गाम छोड़ि रहलछथिन्ह. 
एहन गामछोड़य वाला लोक सभ के जमीन पर असामाजिक गतिविधि चलाबय वाला लोक के नजर अछि आओर ओ जमीनजथा खरीद सेहो रहल छथिन्ह. एहि पर गौर करय के जरूरत अछि.
बिहार…मिथिलाक ई इलाका देशकेर सभ सं शांत इलाका मानल जाएत अछि. एतय केर बोलि मैथिली सभ सं मीठ मानल जाएतअछि. एहन मिथिलाक पर आतंकी के नजर पड़ि गेल अछि.
ई बड़ खतरनाक . ई इलाका केशांति… सद्भाव… सुरक्षा के लेल नीक नहि अछि. अपन मिथिलाक गौरव के नष्ट होए संबचाबय लेल अहां सभ के आगां आबय पड़त.
इलाका मे कतहुं कोनो किछअजगुत होएत देखिऔ… कोनो एहन गतिविधि देखाय जेहि पर अहां के शक होए… तुंरतपुलिस…खुफिया एजेंसी के ओकर जानकारी दिऔ.
नकली नोट के कारोबार करय वालाहोए… तस्करी करय वाला होए… हथियार आओर गैरकानूनी लेनदेन करय वाला होए…गलतकाज करय वाला होए… ओकरा खिलाफ तुरंत पुलिस के बताबिऔ.
नहि तं एक दिन एहनो आबि सकैतअछि जे अपन बिहार…मिथिला सेहो आतंकी… नक्सली… माओवादी के गिरफ्त मे आबिजाएत. अपना सभ के रहनाय मुश्किल भ जाएत.
उठु अपन मिथिलाके गलत लोक केगिरफ्त मे जाए सं बचाउ.
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आशुतोष अस्थाना जीके मदद करिऔ…

आशुतोष अस्थाना जीके अहांक मदद केर जरूरत छनि.37 साल के आशुतोष अस्थाना जी साल भर से बीमार छथिन्ह.

हिनकर किडनी खराब भ गेल छनि.

आशुतोष जी बिहार बिजली विभाग मे लिपिक छथिन्ह.मुदा बीमार होए के कारण कई मास सं नौकरी पर नहि जाए सं वेतन सेहो नहि मिल रहल छनि.

बेर-बेर बीमारी के टेस्ट कराबय… डायलिसिस पररहय… दवाई आओर

इलाज पर लाखो टका खर्च करि चुकल छथिन्ह.


गरीब घर सं होए के कारण जमा-पूंजी तं खर्च भएगेल छनि…कर्ज मे सेहो आबि गेल छथिन्ह.

सरकार सं से किछ मदद नहि मिल रहल छनि. एहिकारणे परेशान छथिन्ह.
परिवार मे पत्नी आओर एकटा सात सालक बेटी छनि.

आशुतोष जी मूलरूप सं उत्तर प्रदेश के जौनपुरजिलाक मखमिलपुर गाम के रहय वाला छथिन्ह.

हिनकर इलाज लखनऊ के पीजीआई अस्पताल मे डॉ अमितगुप्ता जीक देखरेख मे चलि रहल छनि.

डॉक्टर के कहनाय छनि जे हिनकर हालत गंभीर भगेल छनि. किडनी जल्द बदलनाय जरूरी अछि.

हिनका लखनऊ के पीजीआई अस्पताल मे भर्ती करिलेल गेल छनि.

हिनकर खराब हालत के देखैत हिनकर पत्नी हिनकाअपन किडनी द रहल छथिन्ह.

किडनी ट्रांसप्लांट करय लेल आशुतोष जी आओर हिनकरपत्नी दूनु के ऑपरेशन होएत.

उम्मीद छनि जे डॉक्टर हिनकर किडनी मंगल दिनबदलि देथिन्ह.

पत्नी के किडनी दए के बादहुं अस्पताल हिनकासाढ़े चारि लाख रुपया जमा कराबय लेल कहलक अछि.

एकर अलावा दोसर खर्च लगा क कुल छह लाख सं बेसिटका के जरूरत पड़ि रहल अछि.

एकटा गरीब के लेल पांच-छह लाख रुपया कतेक होएतअछि… से तं अहां जानिते छी.

दोस्त…जान पहचान…रिश्तेदार सभ मिल क पाईजमा करि रहल छथिन्ह… तखनो एतेक पाई के जोगाड़ नहि भ रहल अछि.

पांच-छह लाख के इंतजाम करनाय मुश्किल भ रहलछनि. आशुतोष जीक लेल.
एहन हाल मे अगर हम-अहां सभ आशुतोष जीक किछ मददकरबैन्हि तं हिनकर जिनगी बचि सकय छनि.

अपना सभ अगर सय…हजार…दस हजार केर मदद करबैन्हितं हिनकर एकटा बड़का चिंता दूर भ सकय छनि.

हम किछए लोग अगर किछिए-किछ मदद करब ओ लाख टकासं बेसि भ जाएत.

बुंदे…बुंद तालाब भरैत अछि…तेहने एक-एकटके हिनकर जिगनी बचि सकय छनि.

अगर अहां एहि परोपकारक काज मे सहभागी बनय चाहयछी तं आशुतोष जीक बैंक मे अपना शक्ति भरि पाई जमा करा सकय छी.

हिनकर बैंक खाता ओना तं पटना के एचडीएफसी बैंकमे छनि मुदा अहां दुनिया के कोनो कोना सं…कोनो बैंक सं हिनका खाता मे पाई जमाकरा सकय छी.

हिनकर एकाउंट नंबर छनि-
HDFC bank a/c no- 01861000076234 
आशुतोष जी ओन अखन तं लखनऊ के पीजीआई अस्पताल मे भर्ती छथिन्ह मुदा हुनकर पटनाकपता छनि-
C/o- Shri PP Sinha,B-2, Gardanibagh, Patna
Mobile no – 087972-66235
अहां लखनऊ मे हिनकर परिवार सं सेहो मिल सकय छी.
आशुतोष जी अखन लखनऊ के पीजीआई अस्पताल मे भर्ती छथिन्ह.
पीजीआई मे डॉक्टर अमित गुप्ता हिनकर इलाज करि रहल छथिन्ह.
देखिऔ किछ मदद भ सकय तं जरूर करिऔ.
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कोलावरी… कोलावरी… कोलावरी… डी

आईकाल्हि इंटरनेट…यूट्यूब…टीवी चैनल… न्यूज पर कोलावरी… कोलावरीय… कोलावरी… डी छाएल अछि. उम्मीदअछि अहा सभ सेहो एकरा सुनने… देखने होएब.
अगर नहि देखलौं अतं कोनो गप नहि हम बता दैत छी.
 असल मे कोलावरीकोलावरी कोलावरी डी साउथ केर तमिल फिल्म 3 के गाना अछि. ई गाना तमिलआओर इंग्लिश मे अछि… मिललजुलल.
तमिलफिल्म तीन के बना रहल छथीह साउथ के सुपरस्टाररजनीकांत के पुत्री ऐश्वर्या. एहि गाना के आवाज देने छथिन्ह ऐश्वर्या के

पति धनुष.एहि गीत क 16 नवंबर के यूट्यूब पर डालल गेल.

यूट्यूबपर डालला के 12 दिन के अंदर एकरा 80 लाख से बेसि लोक सुनि चुक छथिन्ह. ई एकटा रिकॉर्डअछि. यूट्यूब पर अखन धरि कोनो गीत…संगीत केर वीडियो एतेक क्लिक नहि भेल अछि.दुनिया भर मे छाएल रहय वाला इंग्लिश एलबम के सेहो एतेक हिट नहि मिलल रहय जतेककोलावरी डी के मिल रहल अछि.
पूराइंडिया मे तहलका मचौने अछि ई गाना. भने एकर बोल अहां के समझ मे नहि आएत मुदा एकरम्यूजिक एतेक नीक अछि जे अहांक पैर अपने आप थिरकय लागत.

हमखुद एकर बोल नहि समझि रहल छी मुदा कई बेर एहि गाना के सुनि चुकल छी. एकरा अहांएकटा पागलपन कहि सकय छी.
मुदासुनय मे सचमुच बड़ नीक लगैत अछि.
एहि गाना के दसिओटा वीडियो यूट्यूब पर आबि गेल अछि मुदा जेऑरिजनल अछि ओ 80 लाख सं बेसि सुनल गेल अछि. दोसर सेहो लाखों मे पहुंच गेल अछि. एकअंदाज के ल क अहां कहि सकय छी जे रोज करीब लाख लोक एहि गाना के यूट्यूब पर सुनिरहल अछि
लोक एकरा खूब पसंद करि रहल छथिन्ह, ई लोक के दिल-दिमाग पर छागेल अछि.. एकटा बात आओर जे एकर जे संगीत देने छथिन्ह ए रविचंदर हुनकर उम्र मात्र18 साल छनि. ई गाना सेहो हुनका लोकप्रियता के शिखर पर पहुंचा देने अछि.

ओना सभ सं बेसि नाम भेल रजनीकांत के दमाद धनुष के. धनुष केगाएल एहि गाना क लोक बेर बेर सुनि रहल छथिन्ह. एहि गाना पर न्यूज चैनल सभआधा-आधा घंटाक कार्यक्रम पेश करि रहल अछि.
फेसबुक पर सेहो हजारों लोक एहि गाना के शेयर कएने छथिन्ह.हिंदी के नहि होएतहुं हिंदी के लोक…पंजाबी…मैथिली के लोक सभ एहि गाना के सुनिरहल छथिन्ह आओर गुनगुना रहल छथिन्ह.
ई जरूर अछि जे गुनगुना सिर्फ कोलावरीकोलावरी कोलावरी डी रहल छथिन्ह…बाकी लाइन पर झुमय छथिन्ह.
असलमे कोलावरीकोलावरीकोलावरी डी  के मतलब एक तरहक गुस्सा होएतअछि…बड़ बेसि नाराजगी… घोर निराशा.
ओनासोचिओ तं एहि लाइन को कोनो मतलब नहि अछि मुदा चलि गेल…हिट भ गेल.
जेनाअपन मैथिली मे एक लाइन पूरा मिथिला मे हिट भ गेल रहय आब कहुं मोन केना करय अ…एकरबाद खो मंगला पड़ल रह…
तेहिनाएकर हाल अछि.
ओनासाउथ के किछ गाना हिंदी मे सेहो काफी हिट रहल अछि खासकर ए आर रहमान केर.
उर्वशी…उर्वशी…मुकाबला..मुकाबला….
आबकोलावरीकोलावरी कोलावरी डी सं ईसाबित भ रहल अछि जे गीत…संगीत के कोनो सीमीत दायरा नहि होएत अछि. ई सभ के दिल परअपन असर डालैत अछि.
सभ के अपन बोल परझुमय लेल विवश करि दैत अछि.
तं अहुं आनंदलिअ…नहि सुनलौं अ तं सुनि लिअ…एहि लिंक के क्लिक करि… 

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आम लोक मे सरकार के प्रति बढ़ल गुस्सा…शरद पवार के मारलक चांटा

आम लोक मे महंगाई… घोटाला… भ्रष्टाचारके लsक सरकार के प्रति गुस्सा बढ़ल जा रहलअछि.
एकर नतीजा आई दिल्ली के एनडीएमसी सेंटरमे देखय लेल मिलय. एहि ठाम हरविंदर सिंह नामक एकटा लड़का कृषि मंत्री शरद पवार के चांटाजड़ि देलक.
हरविंदर के साफ कहनाय छल जे महंगाई सं आमलोक परेशान अछि आओर एकरा लेल ओ सरकार के जिम्मेदार मानैत अछि. एहि लेल ओ शरद पवारके थापड़ि मारलक.
हरविंदर एहि सं पहिने

पूर्व दूरसंचारमंत्री सुखराम पर सेहो हमला कएने छल. हरविंदर सिंह के हिरासत मे लsक पूछताछ चलि रहल अछि.

ओना एहि सं एक दिन पहिनहि बीजेपी नेता यशवंतसिन्हा कहने छलखिन्ह जे आम लोक महंगाई सं परेशान अछि एहि मे कोनो अचरज नहि होएत जेलोक महंगाई के खिलाफ हिंसा पर उतारु भ जाएत.
बीजेपी नेता माया सिंह कहलीह जे सरकार केआबहुं लोक के गुस्सा के समझबाक चाही.
लेफ्ट नेता के कहनाय छल जे हम सेहोभ्रष्टाचार के खिलाफ छी… महंगाई के खिलाफ छी… एकर खिलाफ हम सरकार सं लड़ि रहलछी. मुदा थापड़ि मारय के एहि काज के पक्ष मे नहि छी. सभ्य समाज मे एकर जगह नहिअछि.
बीजेपी नेता आओर अभिनेत्री स्मृति ईरानीसेहो एकर निंदा करलीह आओर कहलीह जे लोकतंत्र मे अपन बात कहय के सभ के आजादी अछिमुदा एहि तरहक काज के कोनो तरहे ठीक नहि कहल जा सकैत अछि.
पवार के चांटा मारय के चारु कात निंदाकएल गेल अछि मुदा एकरा ओहिना नहि छोड़ल जा सकैत अछि.

ओना शरद पवार के कृषि मंत्री रहैतसब्जी… दाल… तेल… दूध और चीनी के दाम बेतहाशा बढल अछि.
महंगाई… भ्रष्टाचार… घोटाला… कालाधनके लsक लोक सभ परेशान अछि. लोक हजार-लाख कमाईलेल जिनगी गुजारि दैत अछि.
मुदा नेता…मंत्री सभ के संपत्ति केखुलासा देखबय तं अहां के पता चलत जे नेता… अफसर… मंत्री सभ के धन साल भर मेदू-दू… चारि-चारि गुना बढ़ि गेल अछि.
लोक के पास पाए नहि अछि आओर कइटा लोककरोड़ों टका विदेशी बैंक मे जमा करने अछि.
अंग्रेज तं देश सं धन लूटि क अपना देश लजाएत छल मुदा एकरा कि कहबय जेहि में अपने देश के लोक… अपन धन के विदेश मे लs जाsक जमा करि रहल अछि.
कहल तं ई जा रहल अछि जे अगर विदेश मे जमाधन अगर देश मे वापस ल आएल जाए तं कई साल धरि लोक के टैक्स नहि देबय पड़तन्हि. विकासके काज एकदम सं तेज भ जाएत. देश चमैक जाएत. मुदा एकरा करत के.
बाबा रामदेव अनशन करलक तं रातोंरात तंबूउखाड़ि देल गेल… अन्ना हजारे के सेहो पकड़ि क तिहाड़ भेज देल गेल छल. मुदा लोकके गुस्सा के देखैत सरकार के अन्ना के छोड़य पड़ल.
एतय सभ होएतहुं अगर लोक के सभ किछ ठीकहोएत नहि देखाएत तं लोक के गुस्सा भड़कबे करत.
मुदा लोक के कानून-व्यवस्था के हाथ मेनहि लेबाक चाही. लोकतंत्र मे हिंसाक कोनो स्थान नहि अछि.
अहांक के हिंसक होए के कोनो जरूरत नहिअछि. अहांक लेल सभसं पैघ हथियार अहांक वोट अछि.
अगर अहां के लगैत अछि जे सरकार अहांकअनुसार नहि चलि रहल अछि. अहांक मनक नहि करि रहल अछि बस वोट के हथियार सं कुर्सी संउतारि दिअ ओहन सरकार के.
वोट…अहांक मत अहांक एहन हथियार अछिजेहि के आगां बड़का सं बड़का नेता अहां के चरण स्पर्श करय लेल तैयार रहत.
एकर महत्व के पहचानु. वोट देबय लेल जरूरजाउ. भ्रष्टाचारी…कालाधन के पक्ष लेबय वाला के सबक सीखाउ.
वोट के टाइम मे जाति…धर्म के नाम पर…भाई-भतीजा के नाम पर… दू-चारि टका के नाम पर अपन वोट के बर्बाद नहि करु. वोटनामक हथियार के सही इस्तेमाल करु.
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विशेष राज्यक दर्जा पर गोपाल प्रसाद जीक आरटीआई

बिहार के विशेष राज्य दर्जा देबय के मामला मे भ रहल देरी पर आरटीआई कार्यकर्तागोपाल प्रसादजीक आरटीआई पर हुनका सरकार जवाब मिल गेलन्हि.

गोपाल जीक सूचना केर अधिकार (आरटीआई) के तहत जे जानकारी मिलल अछि ओकर अनुसारविशेष दर्जा के मांग पर विचार करय लेल योजना आयोग के तरफ सं एहि साल आठ सितंबर केएकटा अंतर मंत्रालयी समूह बनाएल गेल.
एहि समूह के अगिला मास दिसंबर मे आठ तारीख

तक अपन रिपोर्ट दय के अछि.

आरटीआई से इहो जानकारी मिलल जे विशेष दर्जा के मांग के लेल मुख्यमंत्री नीतीशकुमार प्रधान मंत्री मनमोहन सिंह जीके के चारि बेर पत्र लिख चुकल छथिन्ह.

नीतीश जी 3 जून 200623 मई 200914 जुलाई 2009 आओर 10 मई 2010 के प्रधानमंत्री जीके पत्र भेजने छथिन्ह.

एहि सं पहिने 4 अप्रैल 2006 के विधानसभा मे विशेष राज्य के लेल पास एकटाप्रस्ताव सेहो भेजल गेल अछि.

एतबे नहि नीतीश जी दू साल पहिने 2009 मे प्रधानमंत्री के भेजल अपन पत्र मेबिहारक संग भेदभाव करय के आरोप सेहो लगौने छथिन्ह.

प्रधानमंत्री के लिखल पत्र मे साफ कहल गेल अछि जे कोसीक बाढ़ि पुनर्वास… हैंडलूम…कृषि… ऊर्जा… खाद्य सुरक्षा योजना केर मामलामे बिहारक संग भेदभाव कएल जा रहल अछि.

विशेष राज्य के मुद्दा पर एहि साल गर्मी मे शरद यादव जी बिहारक नेता सभ के संगप्रधानमंत्री सं मुलाकात करने छलखिन्ह.

मुदा केंद्र के कांग्रेसी…यूपीए सरकार पर बिहार के शिकायत के कोनो असरे नहिदिखा रहल अछि.

बिहार के संग शुरूए सं पक्षपात भ रहल अछि आओर ओ आइओ जारी अछि.
विशेष राज्य के दर्जा देबय लेल योजना आयोग के किछ शर्त होएत अछि. अगर गोपालप्रसाद जीक आईटीआई पर ध्यान देल जाए तं बिहार सरकार के कहनाय अछि जे बिहार ओहि सभशर्त के पूरा करैत अछि. एहि लेल केंद्र के बिहार के विशेष दर्जा देबय मे देरी नहिकरबाक चाही.

मुदा यूपीए…दीदी…दादा के खेल मे बिहार पिसा रहल अछि. रेल सेवाहोए…आर्थिक पैकेज होए… कोनो नव प्रोजेक्ट होए बिहार के संग भेदभाव जारी अछि.

एहि सं परेशान एनडीए के सांसद विशेष दर्जा के मुद्दा आब संसद में उठएताह.

जेडीयू…बीजेपी के एमपी सभ जोर-शोऱ सं एहि मांग के संसद मे राखथिन्ह.

अखन संसद के शीतकालीन सत्र चलि रहल अछि. अहां सभ सेहो अपना स्तर पर दवाब बनाबयके कोशिश करिऔ. बिहार के विकास लेल आगां आउ.

एकटा आओर गप आईटीआई कार्यकर्ता गोपाल प्रसाद जी अपन दरभंगा सं छथिन्ह आओरदिल्ली मे सूचना केर अधिकार के लेल लड़ि रहल छथिन्ह.

गोपाल जी आरटीआई के क्षेत्र मे बड़ नीक काज करि रहल छथिन्ह. गोपाल जी पचासोंमुद्दा पर आरटीआई दाखिल कएने छथिन्ह आओर हुनका सरकार सं ओकर जवाब सेहो मिलल छनि.

अहां सभ हिनका सं 092897-23144 फोन पर संपर्क करि सकय छी.

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सुपर 30 के आनंद के जीवन पर बनत फिल्म

खबर अछि जे सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार के जीवन पर फिल्म बनय जा रहल अछि.

एहि के लेल फिल्मी दुनिया के लोक सभ आनंद जी सं गप सेहो करय मे लागल छथिन्ह.

खबर तं इहो अछि जे कइटा निर्माता…निर्देशक अपन प्रस्ताव के संग आनंद जी सं भेंट सेहो करलखिन्ह.

फिल्म बनाबय के कोशिश करय वाला मे अनुराग बसु… संजीव दत्ता
शामिल छथिन्ह. हिंदूजा फिल्म आओर यूटीवी वाला सेहो सम्पर्क मे अछि.

आनंद कुमार जी बिहार के आर्थिक रूप सं कमजोर… गरीब परिवार के योग्य बच्चा के फ्री मे आईआईटी के तैयारी कराबय छथिन्ह.

हिनकर सुपर 30 के रिकॉर्ड शानदार रहल अछि. कहि सकय छी जे शत-प्रतिशत रहल अछि.

आनंद जी शुरू मे पुलिस अधिकारी अभयानंद जीक संग मिल बच्चा सभ के पढ़ाबय छलखिन्ह.
मुदा बाद मे अभयानंद जी हिनकर सुपर 30 सं अलग भ गेलखिन्ह.

हिनकर सुपर 30 के लेल जेहि 30 टा छात्र के चुनल जाएत अछि ओ टेस्ट सं होएत अछि.
टेस्ट मे पास करय वाला गरीब छात्र के आनंद जी पढय…खाए… पीबय सभ के इंतजाम अपना दिस सं करय छथिन्ह.

आनंद जीक कारणे बिहार सं सैकड़ों छात्र के दाखिला आईआईटी मे भ पाएल अछि.
आनंद जी खुद गरीब परिवार से छथिन्ह. हिनकर बाबूजी पोस्ट ऑफिस मे लिपिक छलखिन्ह. आनंद जी अपन पढ़ाई माए के संग पापड़ बेचि कs पूरा करलखिन्ह.

बड़ संघर्ष करने छथिन्ह.

आनंद जीक एडमिशन कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी मे होए वाला छलन्हि. मुदा ओतय जाए लेल पाए नहि होए के कारण एडमिशन नहि ल पएलखिन्ह.

एहि के बाद आनंद जी गरीब बच्चा सभ के पढ़ाबय लागलखिन्ह आओर आईआईटी के तैयारी कराबय लागलखिन्ह.

हिनकर कोशिश सं पटना मे कोचिंग चलाबय वाला सभ के धंधा पर असर पड़य लागल… एहि के कारण हिनका परेशानी सेहो झेलय पड़लन्हि.

मुदा हिनकर आर्थिक हित नहि होए के कारण कोचिंग लॉबी के पाछां हटय पड़लन्हि.

आनंद जीक चर्चा टाइम आओर न्यूजवीक पत्रिका मे सेहो भ चुकल छनि. हिनका पर डॉक्यूमेंटरी सेहो बनि चुकल अछि.

आब जखन फिल्मी दुनिया के लोक हिनका पर फिल्म बनाबय के सोचि रहल छथिन्ह तं ई नीक गप अछि.

हिनकर जीवन पर बनल फिल्म सं लोक सभ के प्रेरणा मिलतन्हि. ओ सेहो हिनके जकां नीक काज करय लेल आगां अएताह.

बिहार मे आनंद जी जकां आओर लोक के जरूरत अछि.

अगर अहां के नजर मे बिहार मे आनंद जी जकां आओर लोक काज करि रहल छथिन्ह तं ओकरा बारे मे बताबय के कोशिश करब.

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बिहार मे बढ़ल रोजगारक अवसर…



बिहार के लेलएकटा नीक खबर अछि. खबर अछि जे बिहार सं कमाए लेल दिल्ली… पंजाब… हरियाणा जाएवाला लोक मे कमी आएल अछि.

एकटा एनजीओ बिहार इंस्टीट्यूट ऑफ इकोनॉमिक स्टडीज के तरफ सं भेल सर्वे केअनुसार बिहार सं बाहर जाए वाला लोक के संख्या मे भारी कमी आएल अछि.

सर्वे मे कहलगेल अछि जे बिहार सं
पहिने जे पलायन होए छल ओहि मे करीब 26 प्रतिशत केर कमी आएलअछि.

पहिने कमाएलेल…रोजगार के लेल अगर एक सय लोक बाहर जाए छलाह तं आब ओ संख्या घटि कs 74 भ गेल अछि.

पलायन कम होए वजहबिहारक बेहतर माहौल… कानून व्यवस्था… रोजगार के उपलब्ध साधन… मनरेगा मानल जारहल अछि.

आओर ई सभ भेलअछि बिहार मे नीतीश कुमार के शासन के कारण. लोक सभ जे डर सं गाम-घर छोड़ि के भागयछलाह से आब रुकि गेल अछि.

सरकार के कोशिशआब गैर-कुशल मजदूर के पलायन पर पूरा रोक लगाबय के अछि.

अगर बिहार मेविकासक काज होएत… लोक के गामे-घर मे रोजगार मिलत…नीक मजदूरी मिलत तो ओ किएकबाहर जएताह.

सरकार के लेल ईआंकड़ा उत्साह बढ़ाबय वाला अछि. सरकार के आओर जोर-शोर सं लोक के रोजगार उपलब्धकराबय के दिशा मे काज करबाक चाही. विकास के रफ्तार बढ़ाएबाक चाही.

मुदा सरकार केगैर-कुशल श्रमिक… मजदूर के संग कुशल श्रम के पलायन के रोकय पर सेहो ध्यान देबाकचाही.

पढ़ल-लिखल ट्रेंडलोक सभ… इंजीनियर… डॉक्टर… आईटी… मैनेजमेंट सं जुड़ल लोक सभ सेहो बाहर जारहल छथिन्ह. सरकार के एहि ब्रेन ड्रेन पर रोक लगाएबाक चाही.


बिहार जतय कलकारखाना लगाबय केर ओतेक अवसर मौजूद नहि अछि. सरकार के बिहार के आईटी के क्षेत्र मेआगां बढ़ाबय के कोशिश करबाक चाही.

बिहार के एकटाशिक्षा हब बनाबय के कोशिश करबाक चाही. एहि सं सरकार के करोड़ों रुपया के आमदनीहोएत. लोक सभ के रोजगार के एकटा नवका अवसर मिलतन्हि.

साउथ मे विकासके रफ्तार तेज होए के एकटा कारण सैकड़ों इंस्टीट्यूट के होए के अछि. साउथ मेमेडिकल… इंजनीयरिंग… मैनेजमेंट कॉलेज… संस्थान के भरमार अछि. देश भर संछात्र पढय लेल ओतय जाए छथिन्ह.

दाखिलालेल…एडमिशन लेल लाखों रुपया दय छथिन्ह. ओहि ठाम रहय-खाय पर हजारों रुपया खर्चकरय छथिन्ह. एहि सभ सं ओहि राज्य के करोड़ों के आमदनी होएत अछि.

ओहि ठाम हजारोंलोक के रोजगार मिलैत अछि. जीवन स्तर सुधरैत अछि. आयरन करय वाला सं लsक मेस चलाबय वाला तक…कागज- कॉपीसं लsक किताब के दोकान वालातक के नीक आमदनी होएत अछि.

बिहार मे सेहोसरकार के एहन- एहन ऑप्शन पर विचार करबाक चाही. जेहि मे लागत कम आओर मुनाफा बेसिहोए.

जेहि मे एक बेरपाए लगा देलाह पर बराबर पाए आबैत रहय. एना होए तं पढ़ल-लिखल लोक के बिहार सं बाहरजनाए सेहो कम होएत.

कि कहय छी अहां ?

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चेतना समिति, पटनाक सभसँ प्रतिष्ठित पुरस्कार यात्री-चेतना पुरस्कार २०११ ई.- डॉ. राम भरोस कापड़ि भ्रमर (जनकपुर)केँ देल गेलन्हि।

चेतना समिति, पटनाक सभसँ प्रतिष्ठित पुरस्कार यात्री-चेतना पुरस्कार २०११ ई.-  डॉ. राम भरोस कापड़ि भ्रमर (जनकपुर)केँ देल गेलन्हि।

नेपाल प्रज्ञा प्रतिष्ठानक सदस्यता (नेपाल देशक भाषा-साहित्य,  दर्शन, संस्कृति आ सामाजिक विज्ञानक क्षेत्रमे  सर्वोच्च सम्मान)

नेपाल प्रज्ञा प्रतिष्ठानक सदस्यता
श्री राम भरोस कापड़ि ‘भ्रमर’ (2010)
श्री राम दयाल राकेश (1999)
श्री योगेन्द्र प्रसाद यादव (1994)

नेपाल प्रज्ञा प्रतिष्ठान मानद सदस्यता
स्व. सुन्दर झा शास्त्री

नेपाल प्रज्ञा प्रतिष्ठान आजीवन सदस्यता
श्री योगेन्द्र प्रसाद यादव

फूलकुमारी महतो मेमोरियल ट्रष्ट काठमाण्डू, नेपालक सम्मान
फूलकुमारी महतो मैथिली साधना सम्मान २०६७ – मिथिला नाट्यकला परिषदकेँ
फूलकुमारी महतो मैथिली प्रतिभा पुरस्कार २०६७ – सप्तरी राजविराजनिवासी श्रीमती मीना ठाकुरकेँ
फूलकुमारी महतो मैथिली प्रतिभा पुरस्कार २०६७ –बुधनगर मोरङनिवासी दयानन्द दिग्पाल यदुवंशीकेँ

साहित्य अकादेमी  फेलो- भारत देशक सर्वोच्च साहित्य सम्मान (मैथिली)

           १९९४-नागार्जुन (स्व. श्री वैद्यनाथ मिश्र “यात्री” १९११-१९९८ ) , हिन्दी आ मैथिली कवि।

           २०१०- चन्द्रनाथ मिश्र अमर (१९२५- ) – मैथिली साहित्य लेल।

साहित्य अकादेमी भाषा सम्मान ( क्लासिकल आ मध्यकालीन साहित्य आ गएर मान्यताप्राप्त भाषा लेल):-
           
           २०००- डॉ. जयकान्त मिश्र (क्लासिकल आ मध्यकालीन साहित्य लेल।)
           २००७- पं. डॉ. शशिनाथ झा (क्लासिकल आ मध्यकालीन साहित्य लेल।)
            पं. श्री उमारमण मिश्र

साहित्य अकादेमी पुरस्कार- मैथिली

१९६६- यशोधर झा (मिथिला वैभव, दर्शन)

१९६८- यात्री (पत्रहीन नग्न गाछ, पद्य)

१९६९- उपेन्द्रनाथ झा “व्यास” (दू पत्र, उपन्यास)

१९७०- काशीकान्त मिश्र “मधुप” (राधा विरह, महाकाव्य)

१९७१- सुरेन्द्र झा “सुमन” (पयस्विनी, पद्य)

१९७३- ब्रजकिशोर वर्मा “मणिपद्म” (नैका बनिजारा, उपन्यास)

१९७५- गिरीन्द्र मोहन मिश्र (किछु देखल किछु सुनल, संस्मरण)

१९७६- वैद्यनाथ मल्लिक “विधु” (सीतायन, महाकाव्य)

१९७७- राजेश्वर झा (अवहट्ठ: उद्भव ओ विकास, समालोचना)

१९७८- उपेन्द्र ठाकुर “मोहन” (बाजि उठल मुरली, पद्य)

१९७९- तन्त्रनाथ झा (कृष्ण चरित, महाकाव्य)

१९८०- सुधांशु शेखर चौधरी (ई बतहा संसार, उपन्यास)

१९८१- मार्कण्डेय प्रवासी (अगस्त्यायिनी, महाकाव्य)

१९८२- लिली रे (मरीचिका, उपन्यास)

१९८३- चन्द्रनाथ मिश्र “अमर” (मैथिली पत्रकारिताक इतिहास)

१९८४- आरसी प्रसाद सिंह (सूर्यमुखी, पद्य)

१९८५- हरिमोहन झा (जीवन यात्रा, आत्मकथा)

१९८६- सुभद्र झा (नातिक पत्रक उत्तर, निबन्ध)

१९८७- उमानाथ झा (अतीत, कथा)

१९८८- मायानन्द मिश्र (मंत्रपुत्र, उपन्यास)

१९८९- काञ्चीनाथ झा “किरण” (पराशर, महाकाव्य)

१९९०- प्रभास कुमार चौधरी (प्रभासक कथा, कथा)

१९९१- रामदेव झा (पसिझैत पाथर, एकांकी)

१९९२- भीमनाथ झा (विविधा, निबन्ध)

१९९३- गोविन्द झा (सामाक पौती, कथा)

१९९४- गंगेश गुंजन (उचितवक्ता, कथा)

१९९५- जयमन्त मिश्र (कविता कुसुमांजलि, पद्य)

१९९६- राजमोहन झा (आइ काल्हि परसू, कथा संग्रह)

१९९७- कीर्ति नारायण मिश्र (ध्वस्त होइत शान्तिस्तूप, पद्य)

१९९८- जीवकान्त (तकै अछि चिड़ै, पद्य)

१९९९- साकेतानन्द (गणनायक, कथा)

२०००- रमानन्द रेणु (कतेक रास बात, पद्य)

२००१- बबुआजी झा “अज्ञात” (प्रतिज्ञा पाण्डव, महाकाव्य)

२००२- सोमदेव (सहस्रमुखी चौक पर, पद्य)

२००३- नीरजा रेणु (ऋतम्भरा, कथा)

२००४- चन्द्रभानु सिंह (शकुन्तला, महाकाव्य)

२००५- विवेकानन्द ठाकुर (चानन घन गछिया, पद्य)

२००६- विभूति आनन्द (काठ, कथा)

२००७- प्रदीप बिहारी (सरोकार, कथा)

२००८- मत्रेश्वर झा (कतेक डारि पर, आत्मकथा)

२००९- स्व.मनमोहन झा (गंगापुत्र, कथासंग्रह)

२०१०-श्रीमति उषाकिरण खान (भामती, उपन्यास)

साहित्य अकादेमी मैथिली अनुवाद पुरस्कार

१९९२- शैलेन्द्र मोहन झा (शरतचन्द्र व्यक्ति आ कलाकार-सुबोधचन्द्र सेन, अंग्रेजी)

१९९३- गोविन्द झा (नेपाली साहित्यक इतिहास- कुमार प्रधान, अंग्रेजी)

१९९४- रामदेव झा (सगाइ- राजिन्दर सिंह बेदी, उर्दू)

१९९५- सुरेन्द्र झा “सुमन” (रवीन्द्र नाटकावली- रवीन्द्रनाथ टैगोर, बांग्ला)

१९९६- फजलुर रहमान हासमी (अबुलकलाम आजाद- अब्दुलकवी देसनवी, उर्दू)

१९९७- नवीन चौधरी (माटि मंगल- शिवराम कारंत, कन्नड़)

१९९८- चन्द्रनाथ मिश्र “अमर” (परशुरामक बीछल बेरायल कथा- राजशेखर बसु, बांग्ला)

१९९९- मुरारी मधुसूदन ठाकुर (आरोग्य निकेतन- ताराशंकर बंदोपाध्याय, बांग्ला)

२०००- डॉ. अमरेश पाठक, (तमस- भीष्म साहनी, हिन्दी)

२००१- सुरेश्वर झा (अन्तरिक्षमे विस्फोट- जयन्त विष्णु नार्लीकर, मराठी)

२००२- डॉ. प्रबोध नारायण सिंह (पतझड़क स्वर- कुर्तुल ऐन हैदर, उर्दू)

२००३- उपेन्द दोषी (कथा कहिनी- मनोज दास, उड़िया)

२००४- डॉ. प्रफुल्ल कुमार सिंह “मौन” (प्रेमचन्द की कहानी-प्रेमचन्द, हिन्दी)

२००५- डॉ. योगानन्द झा (बिहारक लोककथा- पी.सी.राय चौधरी, अंग्रेजी)

२००६- राजनन्द झा (कालबेला- समरेश मजुमदार, बांग्ला)

२००७- अनन्त बिहारी लाल दास “इन्दु” (युद्ध आ योद्धा-अगम सिंह गिरि, नेपाली)

२००८- ताराकान्त झा (संरचनावाद उत्तर-संरचनावाद एवं प्राच्य काव्यशास्त्र-गोपीचन्द नारंग, उर्दू)

२००९- भालचन्द्र झा (बीछल बेरायल मराठी एकाँकी-  सम्पादक सुधा जोशी आ रत्नाकर मतकरी, मराठी)

२०१०- डॉ. नित्यानन्द लाल दास ( “इग्नाइटेड माइण्ड्स” – मैथिलीमे “प्रज्वलित प्रज्ञा”- डॉ.ए.पी.जे. कलाम, अंग्रेजी)

साहित्य अकादेमी मैथिली बाल साहित्य पुरस्कार

२०१०-तारानन्द वियोगीकेँ पोथी “ई भेटल तँ की भेटल”  लेल
२०११- ले.क. मायानाथ झा “जकर नारी चतुर होइ” लेल

प्रबोध सम्मान

प्रबोध सम्मान 2004- श्रीमति लिली रे (1933- )

प्रबोध सम्मान 2005- श्री महेन्द्र मलंगिया (1946- )

प्रबोध सम्मान 2006- श्री गोविन्द झा (1923- )

प्रबोध सम्मान 2007- श्री मायानन्द मिश्र (1934- )

प्रबोध सम्मान 2008- श्री मोहन भारद्वाज (1943- )

प्रबोध सम्मान 2009- श्री राजमोहन झा (1934- )

प्रबोध सम्मान 2010- श्री जीवकान्त (1936- )

प्रबोध सम्मान 2011- श्री सोमदेव (1934- )

यात्री-चेतना पुरस्कार

२००० ई.- पं.सुरेन्द्र झा “सुमन”, दरभंगा;

२००१ ई. – श्री सोमदेव, दरभंगा;

२००२ ई.- श्री महेन्द्र मलंगिया, मलंगिया;

२००३ ई.- श्री हंसराज, दरभंगा;

२००४ ई.- डॉ. श्रीमती शेफालिका वर्मा, पटना;

२००५ ई.-श्री उदय चन्द्र झा “विनोद”, रहिका, मधुबनी;

२००६ ई.-श्री गोपालजी झा गोपेश, मेंहथ, मधुबनी;

२००७ ई.-श्री आनन्द मोहन झा, भारद्वाज, नवानी, मधुबनी;

२००८ ई.-श्री मंत्रेश्वर झा, लालगंज,मधुबनी

२००९ ई.-श्री प्रेमशंकर सिंह, जोगियारा, दरभंगा

२०१० ई.- डॉ. तारानन्द वियोगी, महिषी, सहरसा

२०११ ई.-  डॉ. राम भरोस कापड़ि भ्रमर (जनकपुर)

भारतीय भाषा परिषद, कोलकाता

युवा पुरस्कार (२००९-१०) गौरीनाथ (अनलकांत) केँ मैथिली लेल।

भारतीय भाषा संस्थान (सी.आइ.आइ.एल.) , मैसूर रामलोचन ठाकुर:- अनुवाद लेल भाषा-भारती सम्मान २००३-०४ (सी.आइ.आइ.एल., मैसूर) जा सकै छी, किन्तु किए जाउ– शक्ति चट्टोपाध्यायक बांग्ला कविता-संग्रहक मैथिली अनुवाद लेल प्राप्त।  रमानन्द झा ‘रमण’:- अनुवाद लेल भाषा-भारती सम्मान २००४-०५ (सी.आइ.आइ.एल., मैसूर) छओ बिगहा आठ कट्ठा- फकीर मोहन सेनापतिक ओड़िया उपन्यासक मैथिली अनुवाद लेल प्राप्त।

विदेह समानान्तर साहित्य अकादेमी सम्मान

१.विदेह समानान्तर साहित्य अकादेमी फेलो पुरस्कार २०१०-११ 
२०१० श्री गोविन्द झा (समग्र योगदान लेल)
२०११ श्री रमानन्द रेणु (समग्र योगदान लेल)
२.विदेह समानान्तर साहित्य अकादेमी पुरस्कार २०११-१२ 

२०११ मूल पुरस्कार- श्री जगदीश प्रसाद मण्डल (गामक जिनगी, कथा संग्रह)
२०११ बाल साहित्य पुरस्कार- ले.क. मायानाथ झा (जकर नारी चतुर होइ, कथा संग्रह)
२०११ युवा पुरस्कार- आनन्द कुमार झा (कलह, नाटक)
२०१२ अनुवाद पुरस्कार- श्री रामलोचन ठाकुर- (पद्मा नदीक माझी, बांग्ला- माणिक वन्दोपाध्याय, उपन्यास बांग्लासँ मैथिली अनुवाद)

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दिल्ली मे सामा चकेवा

भाई-बहिनक स्नेहक प्रतीक के रूप मे मनाबए जाए वाला लोकपर्व सामा चकेवा के आखिरी दिन 10.11.2011 के राजधानी दिल्ली के त्रिवेणी कला संगम मे माटीयूथ ऑफ मिथिला के तरफ सं एकटा कार्यक्रमक आयोजन कएल गेल.


एहि मे दिल्ली मे रहय वाला अपन मैथिल भाई-बहिन के संग बड़ संख्या मे स्थानीय लोक सभ सेहो अएलाह. बीमार होए के कारण हम खुद नहि जा पएलौं. कार्यक्रमक किछ फोटो एहिठाम राखि रहल छी. फोटो अमिताभ भूषण जीक सहयोग सं अछि.




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बिहार मे लोकायुक्त बिल केर रास्ता साफ

बिहार मे विधानसभा केर आबय वाला शीतकालीन सत्र मे लोकायुक्त बिल पेश करि देल जाएत.

एहि बिल के मसौदा के जनता सं राय लेबय लेल जारी करि देल गेल अछि.

एकरा सरकारी वेबसाइट पर डाएल देल गेल अछि. लोक सभ एहि पर 22 नवंबर तक अपन
राय-विचार द सकय छथिन्ह.

मंगल दिन मंत्रिमंडल केर बैसार मे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जी लोकायुक्त बिल पर चर्चा कएलखिन्ह.

एहि लोकायुक्त बिल के जद मे मुख्यमंत्री…मंत्री…एमएलए…सरकारी कर्मचारी आओर सरकारी निगम सभ आएत.

भ्रष्टाचार दूर करय के दिशा मे सरकार के ई नीक कदम अछि.

एहि लोकपाल के लेल केंद्र में तकरार भ रहल अछि. अन्ना हजारे के ओतेक दिन अनशन सेहो करय पड़लन्हि.

आ बिहार मे ओ बिना कोनो अनशन के भ रहल अछि एकरा लेल मुख्यमंत्री के साधुवाद.

एहि लोकायुक्त बिल के अखन लोक सभ सं सुझाव…राय..विचार के लेल राखल गेल अछि.

जखन लोक सभ के विचार सरकार के मिल जाएत तखन सभ पार्टी के नेता सभ सं विचार-निमर्श कएला के बाद उपमुख्यमंत्री केर अध्यक्षता मे एकटा समिति एकर मसौदा के अंतिम रूप देत.

जकरा 2 दिसंबर सं होए वाला शीतकालीन सत्र मे पेश कएल जाएत.

बिहार मे एकटा चीज आओर कएल गेल अछि. बिहार मे लोकायुक्त सिर्फ एकटा नहि होताह.

चुनाव आयुक्त जकां एहि मे तीन लोक होताह. एकटा लोकायुक्त आओर दू टा दोसर सदस्य.

बिहार मे लोकायुक्त के जांच करय आओर मामला चलाबय के अधिकार सेहो होएत. एकरे संग विशेष लोकायुक्त अदालत सेहो बनाएल जाएत.

लोकायुक्त केर तीनहुं सदस्य केर चुनाव मुख्यमंत्री…विपक्ष केर नेता… मुख्यमंत्री के तरफ सं नामित एकटा व्यक्ति… निवर्तमान लोकायुक्त… हाई कोर्ट के दूटा वर्तमान जज आओर एकटा गणमान्य व्यक्ति मिलजुलि क करथिन्ह

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